
ऊर्जा संकट और पर्यावरणीय चुनौतियों के बीच भारत की पहल अब वैश्विक स्तर पर चर्चा का विषय बनती जा रही है। उर्मिला फाउंडेशन की डायरेक्टर नम्रता सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उस अपील की सराहना की है, जिसमें दुनिया से ऊर्जा संरक्षण और सतत विकास की दिशा में ठोस कदम उठाने का आग्रह किया गया है।
भारत की सोच अब दुनिया के लिए मॉडल बन रही
उर्मिला फाउंडेशन की डायरेक्टर नम्रता सिंह ने कहा कि आज पूरी दुनिया ऊर्जा संकट, जलवायु परिवर्तन और संसाधनों की कमी जैसी गंभीर समस्याओं का सामना कर रही है। ऐसे समय में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा ऊर्जा बचत, हरित ऊर्जा और टिकाऊ विकास को लेकर दिया गया संदेश बेहद महत्वपूर्ण साबित हो रहा है।उन्होंने कहा कि भारत अब सिर्फ अपने लिए नहीं, बल्कि पूरी दुनिया के लिए समाधान प्रस्तुत कर रहा है। सौर ऊर्जा, स्वच्छ ऊर्जा और पर्यावरण संरक्षण को लेकर भारत की नीतियां वैश्विक स्तर पर नई उम्मीद पैदा कर रही हैं।
युवा पीढ़ी को जागरूक करना सबसे जरूरी
उर्मिला फाउंडेशन की डायरेक्टर नम्रता सिंह ने कहा कि ऊर्जा संरक्षण केवल सरकारों की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि समाज के हर व्यक्ति को इसमें भागीदारी निभानी होगी। खासकर युवाओं को पर्यावरण और ऊर्जा बचत के प्रति जागरूक करना बेहद जरूरी है।उन्होंने कहा कि छोटे-छोटे प्रयास जैसे बिजली की बचत, पानी का सही उपयोग और हरित ऊर्जा को अपनाना भविष्य की बड़ी समस्याओं का समाधान बन सकता है।
सतत विकास ही भविष्य का रास्ता
उर्मिला फाउंडेशन की डायरेक्टर नम्रता सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी लगातार वैश्विक मंचों पर पर्यावरण संरक्षण और टिकाऊ विकास का मुद्दा मजबूती से उठा रहे हैं। इससे भारत की छवि एक जिम्मेदार और दूरदर्शी राष्ट्र के रूप में मजबूत हुई है।उन्होंने उम्मीद जताई कि यदि दुनिया भारत की इस सोच को गंभीरता से अपनाती है, तो आने वाले समय में ऊर्जा संकट जैसी चुनौतियों से प्रभावी तरीके से निपटा जा सकता है।








