
रायपुर : छत्तीसगढ़ में बारिश की गतिविधियां कमजोर पड़ने के साथ ही मौसम ने करवट लेना शुरू कर दिया है। प्रदेश में अब आसमान साफ होने लगा है और ठंडी हवाओं के कारण सुबह तथा रात के समय हल्की सर्दी का एहसास होने लगा है। बंगाल की खाड़ी में बने चक्रवाती तूफान का असर कमजोर होने के बाद प्रदेश में शुष्क मौसम की स्थिति बन रही है।मौसम विभाग ने आगामी दिनों को लेकर पूर्वानुमान जारी किया है। इसके मुताबिक अगले तीन दिनों में प्रदेश के न्यूनतम तापमान में 1 से 3 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट आ सकती है। इसके बाद तापमान में किसी बड़े बदलाव के आसार नहीं हैं। ऐसे में नवंबर के शुरुआती दिनों के साथ ही छत्तीसगढ़ में सर्दी का असर धीरे-धीरे बढ़ने की संभावना है।
अगले तीन दिनों में और बढ़ेगी ठंड
मौसम विभाग के अनुसार, 7 नवंबर से प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मौसम शुष्क रहने का अनुमान है। बारिश की गतिविधियां कम होने और आसमान साफ रहने के कारण रात के तापमान में गिरावट दर्ज की जा सकती है।अगले तीन दिनों के दौरान न्यूनतम तापमान 1 से 3 डिग्री सेल्सियस तक नीचे जा सकता है। इसका सबसे ज्यादा असर सुबह और देर रात के मौसम में महसूस होगा। हालांकि, इसके बाद न्यूनतम तापमान में विशेष बदलाव होने की संभावना नहीं जताई गई है।
अंबिकापुर में सबसे ठंडी रही रात, न्यूनतम तापमान 14.3 डिग्री
पिछले 24 घंटों के मौसम संबंधी आंकड़ों में अंबिकापुर प्रदेश का सबसे ठंडा इलाका रहा। यहां न्यूनतम तापमान 14.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।दूसरी ओर, राजधानी रायपुर और माना में अधिकतम तापमान 31.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। यह प्रदेश में सबसे अधिक रहा। इससे साफ है कि प्रदेश के उत्तरी और मैदानी इलाकों के तापमान में अंतर बना हुआ है।
कोहकामेटा में हुई सबसे अधिक बारिश
प्रदेश में अब बारिश का प्रभाव काफी कम हो गया है। पिछले 24 घंटों के दौरान छत्तीसगढ़ के एक-दो स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई। इस दौरान कोहकामेटा में सबसे अधिक 4 सेंटीमीटर वर्षा रिकॉर्ड की गई।मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले दिनों में बारिश की गतिविधियां और कमजोर होंगी। इसके साथ ही रात के तापमान में गिरावट का सिलसिला जारी रह सकता है।
रायपुर में आसमान रहेगा साफ, 19 डिग्री तक पहुंच सकता है पारा
राजधानी रायपुर में 7 नवंबर को मौसम मुख्य रूप से साफ रहने का अनुमान है। यहां अधिकतम तापमान करीब 31 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान लगभग 19 डिग्री सेल्सियस रह सकता है।दिन के समय लोगों को गर्मी से ज्यादा परेशानी होने की संभावना नहीं है, लेकिन सुबह और रात के समय हल्की ठंड महसूस होगी। आने वाले दिनों में न्यूनतम तापमान में गिरावट के चलते राजधानी में सर्दी का असर और बढ़ सकता है।
तेलंगाना और आंध्र प्रदेश के ऊपर बना चक्रवाती परिसंचरण
मौसम विभाग के मुताबिक पूर्वी तेलंगाना और उससे लगे तटीय आंध्र प्रदेश के ऊपर ऊपरी वायु में चक्रवाती परिसंचरण सक्रिय है। यह मौसमी सिस्टम समुद्र तल से करीब 4.5 किलोमीटर की ऊंचाई पर स्थित है।हालांकि, इसके कारण छत्तीसगढ़ के मौसम में फिलहाल किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं जताई गई है। प्रदेश में अगले कुछ दिनों तक शुष्क मौसम बने रहने का अनुमान है।
नवंबर में धीरे-धीरे बढ़ेगा सर्दी का असर
छत्तीसगढ़ में बारिश का दौर समाप्त होने के बाद अब मौसम सर्दियों की ओर बढ़ रहा है। न्यूनतम तापमान में संभावित गिरावट से प्रदेश के कई जिलों में सुबह और रात की ठंडक बढ़ेगी।फिलहाल मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों में तापमान 1 से 3 डिग्री तक गिरने का अनुमान जताया है। इसके बाद मौसम में स्थिरता रह सकती है। ऐसे में आने वाले दिनों में लोगों को सुबह और देर रात हल्की गर्माहट वाले कपड़ों की जरूरत महसूस होने लगेगी।







