बोर्ड को नहीं बताई जाएगी अभ्यर्थी की व्यक्तिगत पहचान
फेसलेस इंटरव्यू में अभ्यर्थी को साक्षात्कार के दौरान अपनी व्यक्तिगत पहचान से जुड़ी जानकारी साझा नहीं करनी होगी। इसी तरह साक्षात्कार बोर्ड के सदस्यों को भी अभ्यर्थी की ऐसी जानकारी उपलब्ध नहीं कराई जाएगी, जिससे उसकी पहचान सामने आ सके।इस व्यवस्था का उद्देश्य बोर्ड को अभ्यर्थी का मूल्यांकन केवल उसके प्रदर्शन और जवाबों के आधार पर करने का अवसर देना है। इससे पक्षपात की आशंका कम करने और चयन प्रक्रिया में निष्पक्षता बनाए रखने में मदद मिलने की उम्मीद है।
608 अभ्यर्थी साक्षात्कार के लिए चयनित
राज्य सेवा मुख्य परीक्षा के परिणाम के आधार पर वर्ग और उपवर्ग के निर्धारित न्यूनतम अर्हकारी अंक हासिल करने वाले अभ्यर्थियों में से 608 लोगों को प्रावधिक रूप से साक्षात्कार के लिए चिन्हित किया गया है। आयोग ने चयनित अभ्यर्थियों की सूची अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर जारी कर दी है।अब इन अभ्यर्थियों को अपनी निर्धारित तारीख, समय और पाली के अनुसार साक्षात्कार के लिए उपस्थित होना होगा।
दस्तावेज सत्यापन में चूक पड़ी भारी
अभ्यर्थियों के लिए दस्तावेज सत्यापन भी बेहद महत्वपूर्ण है। यदि कोई अभ्यर्थी निर्धारित दस्तावेज सत्यापन प्रक्रिया में अनुपस्थित रहता है तो उसे साक्षात्कार में शामिल होने की अनुमति नहीं दी जाएगी।इसलिए अभ्यर्थियों को सलाह दी गई है कि वे आयोग की ओर से जारी सूचना को ध्यान से पढ़ें और निर्धारित समय से पहले जरूरी दस्तावेजों की तैयारी पूरी कर लें।
तारीख और दस्तावेज पहले ही जांच लें
साक्षात्कार में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों को अपनी निर्धारित डेट, समय और पाली की जानकारी पहले से जांच लेने की सलाह दी गई है। साथ ही आवश्यक दस्तावेजों की सूची भी आयोग की सूचना के अनुसार तैयार रखना जरूरी होगा।CGPSC की यह व्यवस्था चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। अब 608 अभ्यर्थियों के प्रदर्शन पर आगे की चयन प्रक्रिया का परिणाम निर्भर करेगा।