
रायपुर। छत्तीसगढ़ में हर परिवार तक नल के जरिए स्वच्छ और सुरक्षित पेयजल पहुंचाने की योजना को गति देने के लिए सरकार ने निगरानी और समीक्षा तेज कर दी है। मुख्य सचिव विकासशील की अध्यक्षता में मंत्रालय महानदी भवन में सभी जिलों के कलेक्टरों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जल जीवन मिशन की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक में मुख्य सचिव ने कहा कि जल जीवन मिशन का उद्देश्य केवल नल कनेक्शन देना नहीं, बल्कि हर परिवार को गुणवत्तापूर्ण और नियमित पेयजल उपलब्ध कराना है। वर्ष 2019 में शुरू की गई इस योजना से ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं का समय बचेगा, जलजनित बीमारियों में कमी आएगी और स्वच्छता व्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।
पूरी हो चुकी योजनाओं का होगा भौतिक सत्यापन
मुख्य सचिव ने सभी कलेक्टरों को निर्देश दिए कि जिले में जल जीवन मिशन के कामों को मिशन मोड में पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि जिन योजनाओं का निर्माण पूरा हो चुका है, उनका 31 अगस्त तक अनिवार्य रूप से भौतिक सत्यापन किया जाए और जांच के बाद लंबित भुगतान की प्रक्रिया पूरी की जाए।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अधूरी योजनाओं को हर हाल में 31 दिसंबर तक पूरा किया जाए। सभी योजनाओं की शत-प्रतिशत जांच सुनिश्चित करने के साथ काम में लापरवाही बरतने वाले ठेकेदारों के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए।
जल स्रोतों को मजबूत करने पर रहेगा फोकस
मुख्य सचिव ने कहा कि केवल नल कनेक्शन देना पर्याप्त नहीं है, इसके लिए जल स्रोतों का संरक्षण और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए नई व्यवस्था विकसित करना जरूरी है।
उन्होंने कलेक्टरों को निर्देश दिए कि जिले में उपलब्ध जल स्रोतों का आकलन कर नए स्रोतों की पहचान करें। साथ ही जल संरक्षण, रिचार्ज व्यवस्था और स्रोतों के रखरखाव के लिए ठोस कार्ययोजना तैयार की जाए।
जिन क्षेत्रों में मौजूदा जल स्रोतों से पेयजल उपलब्ध कराना संभव नहीं है, वहां वैकल्पिक स्रोत तलाशकर जल्द कार्रवाई करने को कहा गया।
वित्तीय संसाधनों के बेहतर इस्तेमाल के निर्देश
मुख्य सचिव ने कहा कि योजनाओं को समय पर पूरा करने के लिए विभिन्न वित्तीय संसाधनों का उपयोग किया जाए। इसके लिए वीबी-जी राम जी, जिला खनिज न्यास निधि, सांसद निधि, विधायक निधि, सीएसआर और अन्य उपलब्ध मदों से आवश्यक राशि की व्यवस्था की जा सकती है।
उन्होंने रनिंग बिलों के भुगतान की प्रक्रिया को समय पर पूरा करने के निर्देश दिए, ताकि निर्माण कार्यों में किसी तरह की रुकावट न आए।
हर जिले में नियमित निगरानी और मासिक समीक्षा जरूरी
बैठक में मुख्य सचिव ने सभी जिलों को हर घर जल के लिए नए लक्ष्य तय करने और गांवों को इकाई मानकर शत-प्रतिशत नल जल कवरेज सुनिश्चित करने को कहा।
उन्होंने जिला जल एवं स्वच्छता समितियों की नियमित मासिक बैठक आयोजित करने और बैठक की जानकारी समय पर विभागीय पोर्टल पर अपलोड करने के निर्देश दिए।
मुख्य सचिव ने कहा कि बेहतर योजना, लगातार निगरानी और विभागों के बीच समन्वय से ही राज्य के प्रत्येक परिवार तक समयबद्ध तरीके से नल के माध्यम से स्वच्छ पेयजल पहुंचाया जा सकता है।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के सचिव मोहम्मद कैसर अब्दुल हक, सभी जिलों के कलेक्टर और विभागीय अधिकारी मौजूद रहे।








