खपरगंज पत्थरबाजी मामले में पुलिस की बड़ी कार्रवाई, मुख्य आरोपी रामसिंह ठाकुर पन्ना में दोस्त के घर से गिरफ्तार

बिलासपुर: खपरगंज इलाके में विवाद के बाद हुई पत्थरबाजी के मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी रामसिंह ठाकुर को गिरफ्तार कर लिया है। घटना के बाद आरोपी छत्तीसगढ़ से फरार होकर मध्यप्रदेश के पन्ना जिले पहुंच गया था। पुलिस को उसकी लोकेशन का पता चलने के बाद टीम ने पन्ना में दबिश दी और उसे एक दोस्त के घर से पकड़ लिया।

वारदात के बाद छत्तीसगढ़ से भाग गया था आरोपी

खपरगंज में विवाद के बाद पत्थरबाजी की घटना सामने आई थी। इसके बाद पुलिस ने मामले में शामिल लोगों की पहचान शुरू कर दी थी। मुख्य आरोपी रामसिंह ठाकुर के फरार होने के बाद उसकी तलाश के लिए पुलिस की अलग-अलग टीमें संभावित ठिकानों और उसके संपर्कों की जानकारी जुटा रही थीं।जांच के दौरान पुलिस को सुराग मिला कि आरोपी मध्यप्रदेश के पन्ना जिले में छिपा हुआ है। इसके बाद बिलासपुर पुलिस की टीम पन्ना पहुंची और उसकी तलाश शुरू की।

दोस्त के घर छिपा था रामसिंह ठाकुर

पुलिस को जानकारी मिली कि आरोपी पन्ना में अपने एक दोस्त के घर शरण लेकर रह रहा है। सूचना की पुष्टि के बाद पुलिस ने बताए गए ठिकाने पर दबिश दी और रामसिंह ठाकुर को गिरफ्तार कर लिया।गिरफ्तारी के बाद आरोपी को बिलासपुर लाने की कार्रवाई की गई। अब पुलिस उससे पूछताछ कर रही है और मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जानकारी जुटाई जा रही है।

विवाद के बाद इलाके में बन गई थी तनाव की स्थिति

खपरगंज में विवाद बढ़ने के बाद पत्थरबाजी की घटना हुई थी। स्थिति को देखते हुए पुलिस ने मौके पर पहुंचकर हालात को नियंत्रित किया और घटना में शामिल लोगों की पहचान का काम शुरू किया।पुलिस ने घटनास्थल से मिले साक्ष्यों के साथ प्रत्यक्षदर्शियों से मिली जानकारी और अन्य उपलब्ध तथ्यों को जांच का आधार बनाया। इसके जरिए घटना में शामिल संदिग्धों की भूमिका तय करने की कोशिश की जा रही है।

अब पूछताछ में खुलेगा विवाद और पत्थरबाजी का पूरा घटनाक्रम

मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि घटना के दौरान उसकी वास्तविक भूमिका क्या थी। साथ ही विवाद की शुरुआत कैसे हुई और पत्थरबाजी तक मामला किस तरह पहुंचा, इसकी भी जांच की जा रही है।पुलिस घटना में शामिल अन्य लोगों की भूमिका भी खंगाल रही है। इसके अलावा आरोपी के फरार रहने के दौरान उसे किसी तरह की मदद या शरण देने वाले लोगों के बारे में भी जानकारी जुटाई जा सकती है।

वीडियो और तकनीकी साक्ष्यों से जोड़ी जा रही कड़ियां

जांच के दौरान पुलिस उपलब्ध वीडियो फुटेज, मोबाइल रिकॉर्ड और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की भी पड़ताल कर रही है। इन साक्ष्यों के जरिए घटना से पहले और बाद के घटनाक्रम को समझने का प्रयास किया जा रहा है।मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी के बाद अब पुलिस की जांच आगे बढ़ गई है। मामले में पहले से चिह्नित अन्य आरोपियों के खिलाफ भी कार्रवाई जारी है। पुलिस का कहना है कि प्रत्येक आरोपी की भूमिका उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर स्पष्ट की जाएगी और उसी के अनुसार आगे की कानूनी कार्रवाई होगी।

Related Posts

मदकूद्वीप की पुरातात्विक और आध्यात्मिक विरासत के संरक्षण में स्वर्गीय शांताराम का योगदान सदैव स्मरणीय रहेगा : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

मुख्यमंत्री साय ने मदकूद्वीप में समाजसेवी स्वर्गीय शांताराम को अर्पित किए श्रद्धासुमन स्वर्गीय शांताराम की स्मृति में समर्पित उद्यान का किया लोकार्पण ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत…

Read more

राजभाषा आयोग के अध्यक्ष प्रभात मिश्रा ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से की भेंट

बेमेतरा में 26-27 सितंबर को होने वाले प्रांतीय राजभाषा सम्मेलन में शामिल होने का दिया न्योता मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सम्मेलन की सफलता के लिए दी अग्रिम शुभकामनाएं प्रदेशभर…

Read more