
रायपुर, पुलिस कमिश्नरेट रायपुर के यातायात विभाग द्वारा विद्यार्थियों में अनुशासन और सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी कड़ी में डीसीपी यातायात डॉ. अर्चना झा के मार्गदर्शन में एसीपी यातायात सीमा अहिरवार ने अमलीडीह स्थित चैतन्य टेक्नो स्कूल में आयोजित इन्वेस्टिचर सेरेमनी में मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया। कार्यक्रम में लगभग 150 छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
नव निर्वाचित छात्र नेतृत्व को मिली शुभकामनाएं
समारोह के दौरान विद्यालय के हेड बॉय, हेड गर्ल तथा विभिन्न छात्र पदों पर चयनित विद्यार्थियों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल नेतृत्व की कामना की गई। विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए बताया गया कि नेतृत्व केवल पद या अधिकार का विषय नहीं है, बल्कि यह जिम्मेदारी, सेवा भावना, अनुशासन और सामूहिक सहयोग का प्रतीक होता है।
अनुशासन से बनें समाज के लिए प्रेरणा
छात्र-छात्राओं से कहा गया कि वे अपने व्यवहार, अनुशासन और जिम्मेदार नागरिकता के माध्यम से विद्यालय, परिवार और समाज के लिए सकारात्मक उदाहरण प्रस्तुत करें। उन्हें यह भी समझाया गया कि छोटी उम्र से विकसित की गई अच्छी आदतें भविष्य में बेहतर नागरिक निर्माण की आधारशिला बनती हैं।
कम उम्र में वाहन चलाने से बचने की अपील
सड़क सुरक्षा पर विशेष जोर देते हुए विद्यार्थियों को बताया गया कि 18 वर्ष की आयु पूरी होने से पहले किसी भी प्रकार का दोपहिया या चारपहिया वाहन चलाना कानूनन गलत है और यह उनकी सुरक्षा के लिए भी गंभीर खतरा बन सकता है। साथ ही वैधानिक आयु प्राप्त करने के बाद हेलमेट, सीट बेल्ट और अन्य सभी यातायात नियमों का पालन करने की आवश्यकता पर विस्तार से चर्चा की गई।
घर-घर पहुंचे सड़क सुरक्षा का संदेश
कार्यक्रम में विद्यार्थियों से आग्रह किया गया कि वे स्कूल में प्राप्त यातायात संबंधी जानकारी को अपने परिवार, मित्रों और आसपास के लोगों तक पहुंचाएं। उन्हें सड़क सुरक्षा जागरूकता का सक्रिय दूत बनकर समाज में सुरक्षित यातायात संस्कृति विकसित करने के लिए प्रेरित किया गया।

यातायात नियम केवल कानून नहीं, जीवन रक्षा का संकल्प
अपने संबोधन में एसीपी सीमा अहिरवार ने कहा कि यातायात नियमों का पालन केवल कानूनी बाध्यता नहीं है, बल्कि यह स्वयं और दूसरों के जीवन की सुरक्षा के प्रति हमारी नैतिक जिम्मेदारी भी है। प्रत्येक नागरिक का सजग व्यवहार अनेक दुर्घटनाओं को रोक सकता है और सुरक्षित समाज के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
सुरक्षित विद्यार्थी ही गढ़ेंगे सुरक्षित भविष्य
कार्यक्रम का समापन प्रेरणादायक संदेश के साथ किया गया कि अनुशासित विद्यार्थी ही मजबूत समाज की नींव रखते हैं और सुरक्षित विद्यार्थी ही सुरक्षित भविष्य का निर्माण करते हैं।

स्कूलों तक पहुंच रहा यातायात जागरूकता अभियान
यातायात पुलिस कमिश्नरेट रायपुर द्वारा शहर में सड़क सुरक्षा को बढ़ावा देने के लिए लगातार जनजागरूकता कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। नए शैक्षणिक सत्र के साथ विभाग की टीमें विभिन्न स्कूलों में पहुंचकर विद्यार्थियों को यातायात नियमों, सड़क संकेतों और सुरक्षित यात्रा के तरीकों की जानकारी दे रही हैं, ताकि बचपन से ही उनमें जिम्मेदार यातायात व्यवहार विकसित किया जा सके।







