
रायपुर। छत्तीसगढ़ में वन्यजीवों के अवैध शिकार पर रोक लगाने के लिए वन विभाग ने कार्रवाई तेज कर दी है। इसी अभियान के तहत मोहला वनमंडल के दक्षिण मानपुर क्षेत्र में सांभर का शिकार करने के आरोप में तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश करने के बाद 14 दिन की न्यायिक हिरासत में राजनांदगांव जेल भेज दिया गया।
गुप्त सूचना के बाद हुई छापेमारी
वनमंडलाधिकारी दिनेश कुमार पटेल ने बताया कि विभाग को सूचना मिली थी कि ग्राम पंचायत बागडोगरी के रेंगाटोला गांव में कुछ लोग सांभर का मांस पका रहे हैं। सूचना मिलते ही दक्षिण मानपुर के परिक्षेत्र अधिकारी और उपवनमंडलाधिकारी की टीम ने सर्च वारंट लेकर मौके पर दबिश दी।
मौके से मिला पका हुआ मांस
छापेमारी के दौरान टीम ने मौके से पका हुआ मांस बरामद किया। पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि खेत में फंसे सांभर के बच्चे को कुल्हाड़ी से मारकर उसका शिकार किया गया था। इसके बाद उसके मांस को पकाया जा रहा था।
तीनों आरोपी भेजे गए जेल
वन विभाग ने कार्रवाई करते हुए काजूराम, रघुराम और राहुल को गिरफ्तार किया। तीनों को मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजीएम) न्यायालय, अंबागढ़ चौकी में पेश किया गया, जहां से अदालत ने उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में राजनांदगांव जेल भेजने का आदेश दिया।
वन मंत्री ने दिए सख्त कार्रवाई के निर्देश
वन मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि प्रदेश में वन्यजीवों के संरक्षण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वन्यजीवों का शिकार करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी और ऐसे मामलों में किसी भी तरह की लापरवाही या नरमी नहीं बरती जाएगी।








