रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का दौरा रद्द होने पर अमरजीत भगत का तंज, बोले- जनता कब किसे घेर ले, कहा नही जा सकता

 छत्तीसगढ़ :  पूर्व कैबिनेट मंत्री अमरजीत भगत ने रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का छत्तीसगढ़ दौरा रद्द होने पर केंद्र सरकार को घेरा है। उन्होंने कहा कि मौजूदा हालात में नेताओं को आशंका है कि जनता कहीं भी उनका विरोध कर सकती है। इसी डर से लोग अपने दौरे रद्द कर रहे है। भगत ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के दौरे का भी उल्लेख करते हुए चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाए।

रेल मंत्री का दौरा दो बार तय हुआ, फिर हुआ रद्द

रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव को 12 अक्टूबर को रेलवे सुरक्षा बल (RPF) के 42वें स्थापना दिवस समारोह में शामिल होना था। इससे पहले उनका छत्तीसगढ़ दौरा 9 अक्टूबर के लिए निर्धारित किया गया था, लेकिन बाद में तारीख बदलकर 12 अक्टूबर कर दी गई। इसके बाद अपरिहार्य कारणों का हवाला देते हुए दौरा रद्द कर दिया गया।इस घटनाक्रम पर प्रतिक्रिया देते हुए अमरजीत भगत ने कहा कि अब यह तय करना मुश्किल है कि जनता कब और कहां किसी नेता को घेर ले। उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के दौरे का हवाला देकर भी अपनी बात रखी।

चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर उठाए सवाल

भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए भगत ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार के कार्यकाल में देश संवैधानिक संकट की ओर बढ़ रहा है। उन्होंने निर्वाचन आयोग पर भाजपा के साथ मिलकर मतदाता सूची से लोगों के नाम गलत तरीके से हटाने का आरोप लगाया।भगत का दावा है कि मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों से चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता पर सवाल खड़े हुए है। उन्होंने कहा कि देश के अलग-अलग हिस्सों में विरोध प्रदर्शन हो रहे है और लोकतंत्र की रक्षा के लिए लोग आवाज उठा रहे है। उन्होंने युवा वर्ग के आंदोलनों का भी जिक्र किया।पूर्व मंत्री ने कहा कि जिस संस्था की जिम्मेदारी निष्पक्ष चुनाव कराना है, उसी पर पक्षपात के आरोप लगना देश की एकता और लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए चिंता का विषय है। हालांकि, मतदाता सूची में गड़बड़ी और चुनाव आयोग की भूमिका को लेकर ये आरोप भगत के बयान पर आधारित है।

दिल्ली में कांग्रेस के प्रदर्शन में शामिल होंगे छत्तीसगढ़ के नेता

दिल्ली में कांग्रेस के प्रस्तावित प्रदर्शन को लेकर भी अमरजीत भगत ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार की नीतियों से आम लोगों को परेशानी हो रही है। भगत के मुताबिक, राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस इन मुद्दों को लेकर संघर्ष कर रही है।उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ से भी कई नेता दिल्ली पहुंचकर प्रदर्शन में शामिल होंगे। विपक्ष इस प्रदर्शन के जरिए चुनावी पारदर्शिता, मतदाता सूची और लोकतांत्रिक अधिकारों से जुड़े मुद्दे उठाने की तैयारी में है।

बयान के बाद सियासी बहस तेज

रेल मंत्री का दौरा रद्द होने और निर्वाचन आयोग को लेकर दिए गए बयान ने राजनीतिक चर्चा को तेज कर दिया है। अमरजीत भगत ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाए है। अब देखना होगा कि इस बयान पर भाजपा की ओर से क्या प्रतिक्रिया सामने आती है।

Related Posts

सेवा संकल्प अभियान 2026: जनसेवा, सामाजिक सहभागिता और सुशासन के साझा प्रयासों से विकसित छत्तीसगढ़ की ओर कदम

रायपुर। छत्तीसगढ़ में विकास की अवधारणा केवल आधारभूत सुविधाओं के विस्तार तक सीमित नहीं है। इसका व्यापक उद्देश्य आम नागरिक के जीवन को बेहतर बनाना, समाज के कमजोर वर्गों को…

Read more

दुर्ग में चाइल्ड हेल्पलाइन कार्यालय में हंगामा, महिला से मारपीट और सरकारी काम में बाधा के आरोप में यूट्यूबर गिरफ्तार

 दुर्ग : छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में महिला एवं बाल विकास विभाग के चाइल्ड हेल्पलाइन कार्यालय में विवाद के बाद पुलिस ने यूट्यूबर हनुमान नायक को गिरफ्तार किया है। उस…

Read more